• laughing_soul 13w

    पलक झपकते ही जो बदल जाये वो प्यार नहीं हो सकता
    गिले शिकवे बेसुरे हो जायें तो वो प्यार नहीं हो सकता
    राहों में संग चलने से गर दिल ना हो गवारा
    तो वो प्यार नहीं हो सकता
    होते हुए साथ तेरा, दिल जो मेहरूम हो जाये
    तो वो प्यार नहीं हो सकता

    फ़िर याद क्यूँ करना उन लम्हों को उन गुज़रे हुए पलों को
    जिन में से ख़ुशी इक पल की महसूस ना हो पाये

    और जहाँ प्यार होता है वहाँ अहं हो ही नहीं सकता..
    ©laughing_soul