• skye35 5w

    वो कहते थे,,
    अब कोई राह–ए–रास्ता नजर नही आता
    अंधेरों ने इस क़दर जकड़ लिया है मुझको ।

    मैंने बोला,,
    यूं तो इक चिंगारी ही अंधेरे को तबाह कर देती है , पर मंज़िल अगर हो दिल के करीब तो रास्ता होना लाजमी ही नही
    ©skye35