• amit_vashist 10w

    वैसे तो मैं सोचता नहीं कुछ
    उसे बहुत सोचता हूं मैं

    वैसे तो कुछ नहीं चाहता तुझसे, ऐ जिन्दगी
    पर उसे बहुत चाहता हूं मैं

    वैसे तो अब कोई तमन्ना नहीं मेरी
    पर वो अब भी तमन्ना है मेरी

    वैसे तो ख्वाबों से कोई वास्ता नहीं मेरा
    पर तुझसे रहे वास्ता यह ख्वाब है मेरा

    वैसे तो और कुछ काम नहीं मुझे
    उसको लिखता रहूं यही अब काम है मेरा

    ©amit_vashist