• yogeshkaushik_ 6w

    क्या बचता है?

    एक घर है जो बूढा हो रहा है
    एक मकान बूढा है फिर भी नया दिखता है।

    एक रिश्ता है जो इतना पुराना है कि
    अब उसमें सिर्फ भाईचारा बचा है
    एक भाईचारा है
    जो रिश्ता बनने की कगार पर है।

    एक आँगन में नीम का पेड़ लगा है
    एक नीम के पेड़ तले आँगन है।
    कुछ खुशियाँ ऐसी हैं जो आँखें नम कर देती हैं
    कुछ दर्द ऐसे हैं जो खुशियाँ देते हैं।

    सब वो पढ़ते हैं जो मैं लिखता हूँ
    मैं जो हूँ उससे वो बेखबर हैं।

    भीतर ही भीतर सिसकियाँ दब जाती हैं
    बाहर प्रसन्नचित्त काया नजर आती है।
    कुछ काम है जो देह के हिस्से आते हैं
    कुछ देह हैं जो सिर्फ काम के हिस्से आती हैं।
    ©yogeshkaushik_