• daksh2502 23w

    #बेटा #माँ

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    बेटा माँ से

    मुझे नन्ही उंगलियो से लिखना सिखाया है,
    मुझे उन आँखों से पढ़ना भी सिखाया है,
    मुझे हर खेल को खेलना भी सिखाया है,
    और उस छोटे से पत्थर से कूदना भी सिखाया है।

    मुझे झूला भी झुलाया है,
    मुझे रोते हुए भी हँसाया है,
    मुझे धूप से बचाया है,
    और बारिश में भी खिलाया है,
    मुझे हाथ से खाना खिलाया है,
    मेरे आँसुओं को अपने आँचल में भी छुपाया है।

    हर तूफान ओझल हो जाता है,
    हर चट्टान को पिघला देता है,
    हर समुद्र छोटा पड़ता है,
    जब तेरा आर्शिवाद मेरे साथ होता है।

    ©daksh2502