• akarsh 6w

    माँ

    मैंने भगवान को देखा है
    हँसते खेलते, गाते मुस्कुराते देखा है
    मेरे चोट पर मल्हम लगाते देखा है
    मेरे दुःख में रोते, मेरी खुशी में झूमते देखा है
    मेरी खातिर थोड़ा मरते थोड़ा जीते देखा है
    अपने सपने कुचल कर मेरे सपने पूरे करते देखा है
    मेरी बीमारी में रात भर जागते देखा है
    मेरी उंगली थाम कर मुझे घुमाते देखा है
    अपनी मेहनत की ईंट से मेरा भविष्य बनाते देखा है
    मेरी हर छोटी बड़ी ख्वाहिश पूरी करते देखा है
    मेरे मुंह तक अपने हाथों से निवाला खिलाते देखा है
    मुझे समझाते, पुचकारते, डांटते देखा है
    हर सुबह जगाते और हर रात सुलाते देखा है
    मैंने भगवान को देखा है।।

    ©आकर्ष