• shivampandey97 23w

    अब ना तो काम बोलता है,
    ना ही साइकिल का पहिया डोलता है...

    अब हाथी भी कहाँ चलता है,
    जो लोगों को बहोत खलता है...

    पंजे का इस्तेमाल हो रहा है सर खुजानें में,
    अपना ही घऱ जला बैठे जनता का आक्रोश बुझाने में

    सच पूछो तो स्तर विहीन राजनीति पर टूटा जनता का कहर है,
    ये विकास की लहर है...