• roshan_kumar 33w

    मुद्दत हुए उनकी नज़रों से रूबरू हुए....

    Read More

    हाँ, ये वही रास्ते है
    जो उस नुक्कड़ पर ही खत्म होते है... आज भी
    जहाँ तुम और मैं अक्सर जुदा हो जाया करते थे
    वो बिछड़ना, और एक साथ मुड़कर वापस देखना
    तेरा नज़रों से ही बतलाना
    मेरे दिल का धीमे धीमे मुस्कुराना
    वो एहसास दिल को ना जाने कैसे...
    पर खरीद चुका था।

    ©roshan