• dwrites 2w

    अपने ही नज़रिये से देखे
    तो जो चाहते है वहीँ देख पाते है |
    इसलिए हमें अपनों में गैर
    और गैरो में अपने नज़र आते है |
    पर हकीकत कुछ और है
    जो शायद हम समज नही पाते है |
    हम भी तो अपनों के लिए गैर
    और गैरो के लिए अपने बन जाते है |
    ©dwrites✌