• kavish_kumar 19w

    तुमसे बात करने का हर अहसास रुहानी सा लगता है...

    फिर तुम्हारा चले जाना जैसे,अधूरी कहानी सा लगता है...

    खुद के शब्दों के खजाने पर,बैठे हैं हम दरबान बनकर...

    तुमसे बहस जीत जाना फिर भी,हमे बेईमानी सा लगता है...

    ©Aatish