• vandna 5w

    मेरी नानी

    दुनिया की सबसे सुंदर परी थी वो मेरी नानी थी
    मिसवर्ल्ड तो क्या मिस यूनिवर्स भी 
    उनके आगे भर्ती पानी थी
    ब्राउन लिप्स्टिक लगाकर वो अपनी ख़ूबसूरती पर इतराती थी
    आइने में ख़ुद को देख देखकर वो चुपके से मुस्कुराती थी
    अपने लम्बे घने बालों को वो जब रेड पैंट लगे नाखूनों से सहलाती थी
    दुनिया की सारी कायनात मानो उनके सामने झुक जाती थी 
    तुम्हारी बड़ी बड़ी ब्राउन आँखों में वो काजल कितना सुहाता था
    और हाँ कान का झुमका भी तो बात बात पे टप्पे खाता था
    मेरा नन्हा सा दिल उन्हें निहारा करता था
    काश मैं भी नानी जैसी बन जाऊँ यही विश माँगा करता था
    नानी तेरी मोरनी को मोर ले गये कहकर जब नाना उन्हें चिढ़ाते थे
    उनकी नक़ल करके वो हम सबको ख़ूब हँसाती थी
    आलू के पराँठे मक्खन के साथ, काले चनेऔर चावल
    पेट भर के खिलाया करती थीं
    अपना हिमचली खाना तो अपने ही हाथों से खिलाया करती थीं
    घूमने का बहाना करके मुझे पिक्चर दिखाने ले जाया करती थीं
    और फिर इंटेरवेल से पहले हीख़ूब सारे स्नैक्स और कोल्ड ड्रिंक ले आया करतीं थीं
    हार्ट पेशंट थीं वो फिर भी चाट पकोरी खाया करतीं थीं
    ढेर सारे किससे कहानियाँ सुनाकर वो
    मेरे उदास दिल को हँसती थीं
    तुम्हारे क़िस्से कहानियाँ अब सब सच लगने लगे है
    कितनी सरलता से मुझे ज़िन्दगी का फ़लसफ़ा पढाकर 
    उड़ने के लिए ख़ूबसूरत पर दिए है
    इंग्लिश की स्टोरीज़ पढ़ पढ़कर तुम मुझे सुनाया करती थीं
    और हाँ नूज़्पेपर का पेज ३ तुम पूरा ही चाट जाया करतीं थीं
    नानी का घर दुनिया का सबसे सुन्दर बाग़ था
    हर एक पल खिलखिलाता सा गुलाब था
    मेरी नज़रों के सामने ही तुम्हारा यूँ चले जाना वो लास्ट हार्ट अटैक
    वो अंतिम समय आ गया है समझ जाना तुम्हारा
    आज भी याद है मुझे 
    ऊँगली के इशारे से समझाना कि बिस्तर से उतार दो मुझे
    आज भी याद है मुझे
    उन बंद होती आँखों की प्यार और सच्चाई
    अब तुम नहीं नानी तो क्या मुझमें तुम ही समाती हो
    जब भी उलझन में होती हूँ तुम ही तो राह दिखाती हो
    माँ तुमसे और मैं माँ से जन्मी हूँ
    तुम मुझसी थीं और मैं तुमसी बनी हूँ।
    ©vandna