#priu

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  • red_rose431 4d

    क्या किया जाए?

    हर एक लम्हा शब-ए-ग़म है क्या किया जाए?
    उम्मीदें बहुत कम हैं, क्या किया जाए?
    तुम्हारी याद में आलम को भूल बैठे हैं,
    तुम ही बताओ यह आलम है, क्या किया जाए?
    मेरी खुशी से ग़म दोस्तों को होता है,
    मुझे भी इसका बहुत ग़म है, क्या किया जाए?
    ©आकाश

  • red_rose431 5d

    भोलनाथ आप सभी पर अपनी कृपा सदैव बनाए रखें।
    महाशिवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएँ।����
    ������


    @reetu_k @divya_patel @immature_heart @malay_28
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    हे शिवाय!

    आदि तू है,
    अन्त भी तू है,
    पुण्य भी तू है,
    पाप भी तू है,
    सब भक्तों की
    आस भी तू है,
    भोला भी तू है,
    नाथ भी तू है,
    देवता हों या हों असुर,
    सदैव सबके साथ तू है,
    शिव भी तू है,
    शक्ति तू है,
    आदि अनंत
    महाकाल तू है,
    कण-कण में तू है,
    हे शिवाय!
    जन-जन में तू है,
    यह धरती तेरी,
    यह आसमां भी तेरा
    हे भोलेनाथ!
    सारा जहान है तेरा।
    ©red_rose431

  • red_rose431 1w

    Lord Shiva

    Lord Shiva - the creator, the destroyer and the preserver of the whole universe.
    He loves his devotees,
    Whether they are evil or good,
    he blesses everyone.
    He is both calm and furious.
    Gentle with all his devotees
    and all the creatures in the universe.
    But terrible when someone hurts his
    devotees or tries to destroy the beautiful universe created by him.
    It is not necessary to shower flowers and milk over him.
    Just serve the poor, weak or diseased people.
    Shiva is more pleased with the people who help others without expecting anything in return.
    ©red_rose431

  • red_rose431 1w

    भेदभाव

    कड़ी मेहनत से वह
    आसमां को छूने चली थी,
    दिन-रात जागकर
    वह खूब पढ़ी थी।।

    अनेक छात्र-छात्राओं
    को पीछे छोड़कर,
    अपनी मंजिल की ओर
    राह बनाने चली थी।

    "नौकरी लगेगी तो समाज में
    पुरुषों से कंधे से कंधा मिलाकर चलूंगी",
    मन में उसके बस एक
    यही बात गढ़ी थी।

    नियुक्ति पत्र मिलते ही
    मानो सपनों को एक ऊंची उड़ान मिली थी,
    "पूरी निष्ठा से अपना काम करूंगी"
    यह निश्चय कर चुकी थी।

    कार्यस्थल पर पहला दिन था
    चेहरे सब थे नए-नए,
    कई से दोस्त बने और
    कुछ कठोर व्यक्तित्व के लोग मिले।

    निष्ठा से कार्य करते-करते
    कई हफ्ते बीत गए,
    कार्य से खुश होकर
    बहुत से नए 'प्रोजेक्ट' दिए गए।

    आखिरकार, 'प्रोजेक्ट' खरीदने के लिए
    एक बहुत बड़ी 'कंपनी' आई,
    'बॉस' ने खुश होकर के
    दी उसे अनेक बधाई।

    परंतु यह क्या?
    जब 'प्रोजेक्ट'प्रदर्शित,
    करने का समय आया
    दफ्तर के एक पुरुष कर्मचारी को बुलाया।

    रात-दिन की मेहनत का
    यह कैसा सिला था?
    कि उसे सिर्फ बधाई
    और पुरुष कर्मचारी का वेतन बढ़ाया गया था।

    नाराजगी जब उसने
    इस बात पर जताई,
    "लड़कियाँ यह सब काम नहीं कर सकतीं "
    यह बात उसे 'बॉस' ने समझाई।

    पुरुषों के कंधे से कंधे मिलाकर
    चलने के ख्वाब उसने देखे थे,
    कहाँ पता था
    इस भेदभाव के हाथों मारे जाएंगे।

    "बस अब और नहीं"
    यह बात उसने ठान ली,
    अपने अंदर की क्षमता
    व शक्ति उसने जान ली।

    छोटे कार्य से शुरुआत कर कर ही सही
    किंतु पहचान अपनी बनानी है,
    पुरुषों के बराबर अवसर
    हासिल करने की अपनी बारी है।

    जब मेहनत बराबर करते हैं
    तो तनख्वाह में भेदभाव क्यों?
    जब ईश्वर के लिए सब एक समान हैं
    तो मनुष्यों में यह महिला-पुरुष का भेदभाव क्यों?
    ©red_rose431

  • red_rose431 1w

    *लड़की है वो*

    लड़की है वो, किसी की जायदाद नहीं,
    जो ये तेरी मेरी किया करते हो।
    ज़रा एक बात तो बताओ,
    उस नन्ही गुड़िया पर गंदी नजरें डालकर,
    तुम उस रब से नजरें कैसे मिलाया करते हो?
    वह भी किसी घर की लक्ष्मी है,
    उसे गंदी सोच के साथ छूने के बाद,
    तुम नवरात्रि में माता को पूजा कैसे करते हो?
    गुनाह छुपाने को अपने,
    तुम कपड़ों की लंबाई नापा करते हो!
    अरे जवाब तो दो,
    क्या कसूर था उस 8 महीने की बच्ची का
    जो तुम कपड़ों की लंबाई पर सवाल उठाया करते हो?
    जिस्म की भूख मिटाने को अपनी,
    वो जो तुमने उसकी रुह तक को नोंच खाया था,
    हैवान से भी बद्तर हो तुम और खुद को इंसान बताया करते हो!
    बेटी है वो किसी घर की, किसी की बहन, किसी की बीवी है,
    क्या आता नहीं ख्याल तुम्हें तुम्हारी मांँ का
    जब तुम एक दरिंदे का भेस धारण किया करते हो?
    अभी तक जख्म भी भरे नहीं होंगे,
    रूह भी सहमी हुई होगी उसकी,
    और तुम उसी पर उकसाने का इल्जाम लगाया करते हो!
    उन दरिंदों ने कोठे तो क्या, मंदिर मस्जिद तक को ना छोड़ा,
    और तुम भ्रष्ट नेता ऐसे मामलों में भी धर्म-जाति की सियासत किया करते हो!
    उसकी चीखें, उस की विनती की पुकार सुनकर भी,
    तुम्हें उस पर दया नहीं आती क्या?
    क्या कोसती नहीं तुम्हें तुम्हारी अंतरात्मा,
    आखिर तुम आईने में खुद से नजरें कैसे मिलाया करते हो?
    तुम्हारा अंतर्मन धिक्कारता नहीं तुम्हें,
    जो ये जुल्म तुम बार-बार करते हो!
    तुम जैसे जानवर शहर में मौजूद हैं,
    यह सोचकर हर मांँ, बहन भययुक्त है,
    अपनी नीच हरकतों से क्यों मानव जाति को शर्मसार करते हो?
    लड़की है वो, मन बहलाने का सामान नहीं,
    जो तुम अपनी हवस मिटाने की ख़ातिर,
    लड़की को व्यापार करते हो!
    ©red_rose431

  • priubansal 1w

    Trolling

    Nowadays, Trolling is like Free me प्रसाद बांटना
    ©priubansal

  • red_rose431 1w

    What an immensely beautiful feeling,
    the world changes, person changes
    and most probably for good.
    When true partner and true love enters,
    it actually makes a person good.
    It is a magic,
    It motivates,
    It makes you believe,
    It makes you jealous,
    It make you makes you act like kid,
    It makes you feel other emotions,
    It makes you a positive thinker,
    It Boosts Your morale,
    It makes you take your life seriously,
    It makes you happy,
    It makes you sad sometimes,
    It makes you kind,
    It makes you crazy in positively cute manner,
    It in fact is MAGICAL.
    ©red_rose431
    __________________________
    Feel free to correct me if there's any mistake❤

    #picture15_wt
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    WHEN LOVE ENTERS!
    (Read The Caption)
    ©red_rose431

  • red_rose431 1w

    अन्तर्वेदना

    तमन्ना मेरी भी थी कि मैं लिखूँ कोई गज़ल चाहत पर,
    महबूब के चंचल नैनों पर, तो कभी गुलाबी होठों पर।

    लेकिन फिर देखा भूखे बच्चों के चेहरों को,
    जो कूड़े-कचरे में ढूँढ रहे कुछ खाने को।

    इस दृश्य ने मेरी खुद्दारी को झकझोर दिया,
    प्रेम, प्रेम बस प्रेम की पट्टी को आँखों से खोल दिया।

    कोई महलों में बैठा हँसता गरीबों की लाचारी पर,
    इन संतापित बच्चों की व्यथा वेदना भारी पर।

    नहीं चाहिए ऊँची इमारतें, ना माँगें हम 'स्मार्ट सिटी',
    बस ऐसी व्यवस्था कर देना कि भूखा ना सोए फेर कोई।

    अपने मतलब को ये नेता घर घर आया करते हैं,
    जब जनता गुहार लगाए तो ना जाने कहां गायब हो जाया करते हैं?

    इन भूखी अंतड़ियों की तो कम से कम गुहार सुनो,
    देश का अन्नदाता भी भूख से रोए, उनकी भी पुकार सुनो।

    तुम सत्ताधीश नहीं, तो और कौन सुनेगा यह बोलो?
    इस भूखी जनता की रक्षा कौन करेगा यह बोलो?

    जब किसी से कोई उत्तर नहीं मिल पाता है,
    मेरा ह्रदय निराशा और वेदना से भर जाता है।
    ©red_rose431

  • red_rose431 3w

    Girl

    The moment a girl comes into this world,
    Destiny of the parents gets cursed.

    No happiness, no celebrations,
    Sadness is all that gets served.

    However, they accept her into their family,
    'You're a girl', she gets reminded usually.

    She's kept in fetter of restrictions,
    No importance is given to her ambitions.

    No short clothes, no laughing on the roads,
    No going out after 7 p.m. in the clock.

    No one would accept an ugly bride,
    So, they suggest her several pastes and creams to look white.

    To look good is a real struggle whole her life,
    Because primarily duty is to be a beautiful wife.

    Her marriage gets fixed once she attains 18 years of age,
    Her dreams get killed inside that pretty cage.

    Her primarily duty becomes to serve her family, to fulfill their needs all her life,
    And to be a dutiful and a good wife.

    A wife who would be a mother, a care taker someday,
    Career takes back seat and kept for some other day.

    Her life goes on by fulfilling everyone's need,
    No one thinks of her, of her happiness and of her dreams.

    But not anymore!
    Because it's time to fight back for her dreams,
    To fight for her ambitions,
    And to gain society's esteem.

    Now every girl is realising that she is more powerful than a man,
    She's working harder to reach a meaningful lane.
    ©red_rose431

  • red_rose431 3w

    Attitude

    Attitude is the way we think and respond to life,
    It is our mental, spiritual and emotional approach towards life.

    Right attitude towards life is important,
    It is a powerful tool towards
    self-actualization and self improvement.

    It is even more important than
    money, knowledge and education,
    Attitude can single-handedly break a team, organisation or a person.

    Following steps can be taken
    by anyone, at any time, at any place,
    Take responsibility to define yourself with the grace.

    Be humble and decide to always be positive,
    learn to live for today and to forgive.

    Try to have an optimistic Outlook,
    Don't keep secrets and be like an open book.

    Be first one to smile, to speak, to ask, to apologize,
    talk to others with an extreme delight.

    Learn to be grateful
    for what you have achieved,
    try to understand things
    the way others perceive.

    Never quit your dreams
    and learn how to fly,
    for you only live once
    and one day everyone has to die.

    Don't dwell in the past,
    live for today and not for tomorrow,
    for tomorrow will come or not
    you never know.

    Don't fear failures
    for Failure is the new beginning towards your goal,
    And not the end you sorrow for.
    ©red_rose431

  • red_rose431 3w

    हयात में हालात कभी-कभी कुछ ऐसे भी आते हैं,
    बेइंतहा मोहब्बत हो जिनसे, वह भी साथ छोड़ जाते हैं।

    दिल को दर्द होता है मगर दिखा नहीं पाते हैं,
    बारिश की बूंदों में अपने अश्कों को बहाते हैं।

    रातें अक्सर जागते-जागते ही कट जाती हैं,
    और दिन के उजाले में फिर मुस्कुरा जाते हैं।

    कुछ यूं ही जिंदगी का सफर चलता रहता है,
    और अन्जान राहों में फिर किसी अन्जान से आंखें चार होती हैं।

    फिर मुलाक़ातों का सिलसिला शुरू होता है,
    और पुरानी बातों को भुलाकर फिर नई बातें शुरू होती हैं।

    किस्मत से मिलता है साथ किसी का जीवन भर के लिए,
    नहीं तो चार दिन की चांदनी के बाद फिर अंधेरी रात होती है।
    ©red_rose431

  • red_rose431 3w

    मतलब कि इस दुनिया में,
    मैंने बेमतलब सा एक तरफा प्यार किया है।

    मंजि़लों के पीछे भागती इस भीड़ में,
    मैंने बे-मंजिल सा एक सफर तय किया है।

    एक दूजे से कसमें वादे तो करता है हर कोई,
    मैंने खुद से तेरे नाम हो जाने का वादा किया है।

    हर रिश्ते को नाम देते हैं यह लोग,
    मैंने तेरे मेरे दरमियाँ इस रिश्ते को बेनाम किया है।

    रिश्ते बनाते हैं यहाँ लोग और चंद दिनों में तोड़ जाते हैं,
    मैंने हमारे इस रिश्ते को जन्मों तक साथ निभाने का इरादा किया है।

    इश्क़ है मुझे तुमसे, सरेआम कहती हूं,
    मैंने जमाने की परवाह न करने का फैसला किया है।

    साथ रहते हैं लोग लेकिन प्यार एक दूजे से अधूरा किया करते हैं,
    एक तरफा ही सही लेकिन तुमसे प्यार पूरा किया है।

    हवा के झोंके जैसा तू, मुझे छू कर गुजर जाता है,
    तेरे फिर से वापस लौट आने का मैंने इंतजार किया है।

    उन ख्यालों जैसा तू, जिनकी सोच में वक्त यूँ ही गुजर जाता है,
    मैंने तेरी याद में अपनी सुबह, शाम, रातों को बेकार किया है।

    यह कौन है जिसने तुझे पुकारा है,
    मेरी बेचैन धड़कनों को और बेकरार किया है।

    हर रिश्ते में एक रूठता है तो दूसरा मनाता है,
    लेकिन मैंने तो 'चलो कोई बात नहीं' कह कर तुम्हें खुद ही माफ किया है।

    मुकम्मल हो जाए मेरा इश्क, खुदा मुझ पर इतना मेहरबान नहीं,
    मैंने फिर भी तुमसे रूहानी सा प्यार किया है।

    मतलब कि इस दुनिया में,
    मैंने बेमतलब सा एक तरफा प्यार किया है।
    ©red_rose431

  • red_rose431 3w

    Peer pressure

    Peer pressure is something that everyone faces at some time. Especially, young people struggle to cope with the different kinds of peer pressure - whether it is scoring good marks as compared to their companions or keeping up with the latest fashion trends, etc. Here I want to highlight some very common areas where peer pressure can be manifested in a number of ways i.e when parents are questioned about the low scores of their child, when the child is compared by their parents, societal pressure on students and parents.

    This is so much related to the parents whose children go to school and to the children themselves. When parents are questioned right from the relatives, friends, colleagues, etc, like how much did your son/daughter score in the exams? What is the percentage rank or division he/she has got? We could have referred you to the best tutors in the town if you would have asked us and so on.

    This is the most awkward and embarrassing situations that the parents face. Though they did their best and arranged everything they could have afforded, still they are made to feel as if they have compromised with the studies of their child and didn't send their child to the best coaching institute. They fill the parents with the sense of insecurity about the future of their child. They are told that their child might not make it to the next level with the marks he/she has scored. This all makes people want their child to be like the other child in fact even better.

    Parents compare their child with the children of their neighbours, colleagues, relatives,etc. This comparison is very dangerous for the overall growth of the child. These expectations leads to the disastrous consequences like the like children feel alone, insecure, depressed, losing interest in studies and a number of times child commits suicide.

    Parents should remember that every child is unique and different from the other child. Every child has his unique talents and capacity. Parents should assure the child that no matter what, they will always be there for him and provide him all the love and support.

    Parents and students must believe in themselves. They should understand that people will say a lot of things, give many opinions and suggestions. But it is they who know their calibre and not the society. They should perform according to their capacity and calibre and not to the satisfaction of the society.

  • priubansal 3w

    Biggboss

    Nowadays,
    Mood khrab krna hai toh,,
    Biggboss k promos dekh lo...
    All shit.
    ©priubansal

  • red_rose431 3w

    Dear someone,

    I know you are depressed,
    I know you are fed up of these ups and downs of life,
    I know you are fed up of being sad all the time,
    But these are not the reasons to end your precious life.

    I know you feel like no one loves you,
    You feel bullied when someone comments on your physical appearance,
    I know you feel useless sometimes,
    But these are not the reasons to finish your life at once.

    Life is not about being a winner every time,
    Life is not about loved by everyone who is a part of your life,
    Life is absolutely not about caring what others think of you.

    Life is just not messy, it is beautiful,
    Just close your eyes and feel your inner conscience,
    just look up at that blue sky,
    look at the beatiful city lights during the night time,
    look at the moon and stars up there in the sky, look that shine in your parents eyes which are filled with pride to have you as their child.

    Life is worth more than caring about people's opinions,
    it is all about learning from the mistakes, about pampering yourself, discovering yourself and most importantly about loving yourself the way you are!

    Sincerely,
    Your Beautiful life.
    ©red_rose431

  • priubansal 4w

    शायद ही माफी मांग पाऊ अपनों से,
    दिल बड़ा बोझिल सा रहता है ..
    ..
    बस आपकी खुशियाँ ही मांग सकते है उस रब से,
    जो मेरे अंग संग रहता है ..
    ©priubansal

  • red_rose431 4w

    The Last day

    If I had known the last day I slept on my mother's lap,
    I would have slept a little longer.
    If I had known the last time I hugged my companion,
    I would have hugged a little tighter.
    If I had known the last day of my innocent laughter,
    I would have laughed a little longer and brighter.
    ©red_rose431

  • red_rose431 4w

    Spirit of an imperishable heart

    Said NO to a so called 'lover' of mine,
    His ego got hurt,
    And he threw acid on the face of mine.
    Face was burning,
    Skin was melting,
    Taken to the hospital after a long time.
    Face got damaged,
    no eyelashes, no eyebrows,
    No lips and disfigured nose.
    Gathered guts to face the mirror after a long span of time,
    For hours I stood before the mirror,
    And saw that unfamiliar and scary face of mine.
    A flash of atrocity was enough to rip my heart apart,
    But I stood there in front of the mirror with my imperishable heart.
    Everything got changed,
    But that change was neither my charred face,
    Nor the unfamiliar reflection of mine.
    The change was my spirit and willingness to fight,
    To fight for the justice and to fight for the right!
    To fight with the society, who blame girls all the time.
    ©red_rose431

  • red_rose431 4w

    Are you a Wi-Fi network without any password?
    Because everytime you are around me, I feel a strong connection between us.
    ©red_rose431

  • priubansal 4w

    Yesterday

    Smile and Let everyone know that you are a lot stronger than you were yesterday..
    ©priubansal