#saveanimals

45 posts
  • poeticahouse 8w

    Ekdusre ko maarne ka dhundhte bahana
    Paiso ka hai khel saara doglo ka zamana
    Yahan bikte hai log yahan bikta zameer
    deen dharam emaan ka ab nahi koi thikana

    Kaalak bhari bheetar aur bahar ujala
    Aage badhne ke liye lete dhoke ka sahara
    Agar aisi hoti hai insaan ki insaniyat
    Aye khuda mujhe phir insaan na banana

    Bik gya insaan, mar gyi insaniyat
    Mar gyi rooh aur mar gyi roohaniyat
    Khuda ne cheen apni saari khudayi
    Bach gyi hawas aur bach gyi haivaniyat

    Bhool gya insaan apna hi farz
    Us maati ki khushbu aur dhoodh ka karz
    Khair yeh toh bharat ka itihaas hai
    Jis jis ko maa kaha diya bs usko hi dard
    ©poeticahouse

  • aaditya99 9w

    किस हक़ से बोलूँ ?

    आजतक किसी महिला का सामान किया नहीं
    तो आज RespectWomen किस मुँह से बोल दूँ ?

    बचपन से आजतक कुछ जानवरों को पत्थर मारते , कुछ को खाता हुआ आया हूँ
    तो आज किस मुँह से SAVEANIMALS की मुहीम से खुद को जोड़ दूँ?

    आजतक गलती से भी किसी गरीब की मदद नहीं की
    तो आज सरकार को गरीबों के प्रति असंवेदनशील कैसे बोल दूँ ?

    खुद मेरे अंदर इंसानियत है नहीं
    तो आज HUMANITYDIED का नारा कैसे बोल्दु ?


    लोगों को उनके रंग की वजह से मैं भी चिढ़ाता हूँ , अलग अलग नामों से उन्हें मैं भी बुलाता हूँ
    तो आज किस मुँह से सोशल मीडिया पे BLACKLIVESMATTER और AGAINSTDISCRIMINATION की मुहीम को सराहता हूँ ?

    गुनाह सामने होता हुआ देख कर आँखें मैं अपनी मूँद लिया करता हूँ
    लेकिन कानून को आज किस हक़ से अँधा बोल दिया करता हूँ?
    ©Aditya Pant

  • backstorypoetry 9w

    This Environment day let's take a step and come front and protect the trees, animals and the rivers who can't talk. But the pain of being killed does make them scream.
    Are we not going to learn?
    Don't these climate changes, cyclones, earthquakes etc teach you, what our mother earth is capable is when you hurt her again and again.
    Just like we love our mother's and motherland, is it that difficult to love our mother earth as well?......
    Wishing every environment lover a Happy World Environment day ❤️❤️❤️
    #worldenvironmentday #environmentday #motherearth #earth #fish #tree #river #savetrees #saveanimals #protecttheanimals #money #industries #stoppollution #pollution

    Read More

    After the last fish has been caught,
    After the last tree has been cut.
    After the last river has been poisoned,
    Are we going to realise then that we cannot eat money?........
    ©backstorypoetry

  • unknownhaseena 9w

    #informative #secondquote #RIPhumanity #SaveAnimals #SaveNature

    Really sad to hear how a pregnant elephant died. Shame on humanity !

    Read More

    RIP Humanity

    वे बेज़ुबान थे,
    नहीं समझ पाए।
    हम इंसान थे,
    नहीं साबित कर पाए।

    नहीं समझ पाए वे,
    की क्या दोष था उनका।
    सिर्फ इतना था,
    की भरोसा किया था उन ने,
    जिन पर विश्वास नहीं सही था होना !

    - Unknownhaseena
    ©unknownhaseena

  • aamergamer 9w

    Animals are far better than humans
    They are more kind than human.

  • succhiii 9w

    #SaveAnimals #StopAnimalAbuse #BeKind
    ईश्वर ने जब मानव जाति को बनाया होगा .तो ख़ुश हुआ होगा अपनी सबसे उत्कृष्ट रचना देखकर ..लेकिन आज वो क्या ख़ुश हो रहा होगा ?? नही कभी नही ..रो रहा होगा पश्चाताप कर रहा होगा कि मैंने ये क्या बनाया ..😭😭😭केरल के मल्लहपुरम में एक गर्भवती हथिनी के साथ क्रूरता के हद को पार करते हुये कुछ निर्दयी मनुष्यों ने ..जिन्हें मनुष्य कहना उचित न होगा , अनानास फल में बारूद भरकर भूखी हथिनी को खिलाया ..तीन दिन तक दर्द से तड़पकर अपने बच्चे के साथ उसने अपने प्राण त्याग दिए ...हाय रे ! मानव तेरी मनुष्यता 👎👎 हमें सोचने पर मजबूर करती है ..आत्मचिंतन का वक्त है ये ..सोचिए जरा मनुष्य ने क्या दिया है इस दुनिया को इस प्रकृति को ??सिर्फ़ लिया है
    दिया कुछ नही ...दिया है तो सिर्फ़ तबाही और भीषण तबाही
    प्रकृति का दोहन किया है इस मनुष्य जाति ने ..लेकिन ये भी नही भूलना चाहिए जब माँ प्रकृति सज़ा देने पर आती है तब किसी की नही सुनती ..धरे रह जाएँगे सभी विज्ञान के फ़ार्मूले ...उसके बेज़ुबान मासूम बच्चों पर अत्याचार जब तक करोगे ..तुम्हारी भी बारी आएगी जब वो तुमसे गिन-गिन के बदले लेगी ..और शुरुआत तो कर दी है उसने लेकिन अभी भी होश नही ..शायद इससे भी ज़्यादा विनाश देखना हम मनुष्यों के क़िस्मत में लिखा है तभी हम नही संभल रहे ..और ग़लतियाँ किए जा रहे हैं 🙏🏻🙏🏻😢😢😭😭😭😭 बर्दाश्त से बाहर होती जा रही है मनुष्यों की ये पाप लीला ...कवि निर्गुण अवस्थी जी की ये पंक्तिया आज स्वतः याद आ रही है

    यही सत्य क्या प्रगति हमारी ?
    इसी भाँति क्या मनुज बढ़ेगा
    अथवा अपने ही कर से वह
    नितप्रति अपनी चिता रचेगा

    यही विषमता इस जीवन की
    दिन दूनी बढ़ती जाती है ,
    मानव को मानव कहने में ,
    लज्जित होती शरमाती है
    🙏🏻🙏🏻🙏🏻😢😢😢

    Read More

    😭

  • suhani05 9w

    A pregnant elephant fed cracker stuffed pineapple by unidentified ppl in Kerela which exploded in her mouth n damaged her jaw. She walked around the village n finnly passed away standing in a River.
    We keep searching for monsters hoping they would be having the devil's horns on their head bt look around uh..the monsters r behind uh..
    RIP mumma elephant n baby elephant..��
    N along wid this ...RIP humanity����
    #RIP
    #saveanimals
    #evilrace
    #nomorehumans
    #mirakee

    Read More

    RIP HUMANITY

    उसे तो लगा बाकी है दुनिया में इंसानियत अभी..
    पर असल में तो ये हैवानियत खत्म होगी ही नहीं कभी..।।
    वह बेजुबान जरूर है..
    पर जान तो उन्हें भी है न..!!
    हम यूंही उन पर जुर्म किए जा रहे हैं..
    और वे सहते जा रहे हैं..
    पर दर्द तो उन्हें भी होता है न..!!
    एक साथ दो दो जानें ली तुमने..
    उससे जान(mumma elephant) के अंदर एक और जान(baby elephant) भी थी न..!!
    वह तो खाने की तलाश में घूम रही थी..
    और तुमने क्यों आना मजाक कर दिया...
    यह तो गलत था न यारों..!!
    उसे तो लगा बाकी है दुनिया में इंसानियत अभी..
    पर असल में तो ये हैवानियत खत्म होगी कि नहीं कभी..!!
    ©suhani05

  • bhavabhivyakti 9w

    ~अन्याय~

    ना अपनी माँ के मामत्व पर
    ना हीं धरती के अनगिनत उपकारों पर
    उन निष्प्राण लोगों का कोई अधिकार है,

    जो एक मूक गर्भवती जंतु और उसकी अजन्मी संतान
    की हत्या को हास-परिहास समझते है..
    जो त्वचा के वर्ण के आधार पर किसी निर्दोष
    की श्वासहीनता को उसका उचित परिणाम समझते हैं..

    जब सृष्टि परिहास करती है
    व काल दंडवान भुजाएं खोलता है,
    तो अंध-न्याय कुछ वैसे ही रखा रह जाता है
    जैसे आज हाथ पर हाथ रखे मनुष्य घर बैठा है!

    निष्ठुरता की सीमाओं पर असकुचाये पग रखने वाले ये लोग,
    समझने वालों के लिए केवल एक पाठ हैं,
    हृदयविहीनता की मूढ़ता पर, नश्वरता पर,
    क्योंकि ये आज तो विद्यमान है,
    किन्तु इनका अस्तितव आने वाले कल से वंचित है,
    जीवन से, प्राण से, स्वयं-सार्थकता के अभिमान से वंचित है!
    धरती माँ की गोद से वंचित है।

    ठीक वैसे जैसे कर्म-फल की रीत
    न्यायिक मनुष्यों के घूस देने वाले हाथों से दूर है..
    भागने दो उन्हें, छिपने दो,
    जिन्हें लगता है वे स्वयं से भाग सकते हैं!

    ©bhavabhivyakti

  • anjaan_an_expression 9w

    किसी मासूम की आँखोंमें यक़ीन को टूटते देखा है
    आज इंसानियत को जंगल मे नीलाम होते देखा है
    मैं ही इंसान इंसानियत का रखवाला था शायद
    आज मैने खुद के हाथों खुद को मरते देखा है

    ~अनजान

    ©anjaan_an_expression

  • _nikithasharmabts_rare 9w

    #saveanimals #savehumanity #savekindness
    We humans are so cruel to kill a voiceless, who didn't even see this ruthless world of HUMAN. An animal didn't even get a place to die peacefully. Which is heart wrenching.
    And we seriously appreciate those people who help those aphonic. We're grateful to have them in this society of hatred.
    Let's save this earth.
    --------------------------------------------------------------------------------------------------
    After listening to the news of death of an pregnant elephant, I couldn't control my emotions and I turned them into words.


    We are so called HUMANS,
    Who shows their power on the voiceless.
    We are so called HUMANS,
    Who ate the word called kindness.
    We are so called HUMANS,
    Who loves the word called cruelty.
    We are so called HUMANS,
    Who forgot the word humanity.
    We are so called HUMANS,
    Who killed the word called innocence.
    We are so called HUMANS,
    Who are embedded with the nature of ruthlessness.
    We are so called HUMANS,
    Who annihilated the fetus inside.
    We are so called HUMANS,
    Who thinks themselves as supreme of all lives.
    _ Nikitha Sharma

    Read More

    So called HUMAN
    --------------------------------------------------------
    ©_nikithasharmabts_rare

  • esha28 9w

    खाने की तलाश में वो हम इंसानों की बस्ती में आई थी, काश उसे पता होता हम जानवर नहीं इंसान हैं , "वफादारी हमें नहीं आती"
    हमें तो बस आता है धोखा देना और जान लेना।।
    ©esha28

  • dakshvipintripathi 9w

    How can a person be cruel?
    That he gave a fruit filled with crackers to eat to a elephant.
    The elephant was pregnant and died after eating that as her jaws was totally damaged because of which she was unable to eat anything her baby also died in her womb.
    Animals also have a life which needs to be taken care of.
    Just think how it feels like when we have to suffer like this,
    Just imagine of the baby elephant that also died how it would have felt to the baby, he was not able to see this world, imagine what the elephant have felt.
    If this much happened to any one of us we won't be able to take this .
    Shame on those who do such kind of act to the animals, they must be punished for the act they do.
    Not only this case but there are many cases in which animals are brutally killed and tortured, they too have life and we should do take care of them. We must take care of the animals in aur surrounding, the dogs on the streets, the birds ,each and every animal which lives around us.
    We should do every possible thing to save their life.
    Their life also have value.
    Each life matters.

    -Daksh Tripathi

  • justasay 9w

    The virus has closed the door of our homes.
    Don't close hearts because of virus
    बंद दार < बंद ह्रिदय
    ©justasay

  • ramsundar_prasanna 10w

    SAVE ANIMALS

    Senselessly someone harming the senseful creatures which can't even bear the pain. In todays generation some senseless humans needs to remember that without 5th sense we can't survive only by using our 6th sense...
    ©ramsundar_prasanna

  • words_and_thoughts 9w

    Auctioneer

    In the birds n over their elegant feather,
    And in the most delightful weather,
    I recognized nature as my mother.


    But she has a question she wants me to hear,
    Am I her auctioneer?
    I cannot answer her,I fear...
    ©words_and_thoughts

  • distresssoul 19w

    Roo roo kar ye kahte pashu h...Manav mujho mat Maaro......
    Suno suno awaz humari...thodi si karuna dharo.......

  • sunnytuteja93 20w

    .

  • herscribbledfables 25w

    Death

    Today I saw demise too closely,
    The coffins with screams of only silence might feel so lonely;

    The steel cold table asking for a frozen soul's sheath,
    How helpless it might feel? This "Death"

    The room is full of regretful faces,
    and there wanders a soul unable to wipe tears and traces;

    What's life after death?
    Only souls guided to heaven or hell until their last breath;

    Murderers with their blood stained hands are soaring too high
    Did they forget? Under the same earth will our bodies lie;

    Some are struggling for life, while
    some are asking for death to be at ease;
    And these murderers kill innocents to post on their snap stories;

    Some murder for their psycho needs,
    While others, out of misunderstandings and pathetic deeds;

    Be prepared you filthy monsters, for death is to come for everyone.
    It is not easy, it has horror that you can't overrun

    The world already has enough despair and cruelty where love is rare
    So be kind from today itself for your soul might mourn and curse you in hell, BEWARE


    ©herscribbledfables

  • miracleish 29w

    The mute...

    One should thank their graces that the flora and fauna can't speak like humans coz if they did, every human on this earth would be convicted.

    ©miracleish

  • rage_oreo 39w

    #FACTZ

    HUMAN BEINGS ARE THE ONLY CREATURE ON THE EARTH THAT CAN MAKE THEMSELVES THE ONLY CREATURE ON THE EARTH!
    ©rage_oreo