#takeactiona

1 posts
  • suhani05 13w

    I have not just written a poem..i had written my frustration..!! Really guyzz..day by day the cases of rapes..acid attacks..etc. r increasing too much..!! The person who had been raped feels helpless ..hopeless..worthless..lifeless..so just stop doing this all guyzz...��..now it's too much..
    N specially ..during this lockdown..i had heard many rape cases..nd in most of the cases..father..brother..or any other male of the family raped the girls of their home..!! After listening this type of news... really i have no words..these ppl r just the shit of our society.. nothing else..
    Apart frm the rapist..if we talk abt the government..then they r salable..��..2 paiso me bikne vala sarkaar h h hmra..nd we expect justice frm them..no guyzz..the government will surely not take action agnst these things ever..We should take action..for ourselves..❤️
    Every morning ..i waked up..open the newspaper ..n i read the same news daily..a father raped his daughter..some neighbours kidnapped a little 6 year old girl..i really don't know wtt is going on...wtt these type of ppl want..!! I just want to say plzz stop doing this all..��..
    Nd ..if uh r seeing these things happening in ur surrounding then plz take action towards it..even if uh don't know the person also ..bcuz may b later your daughter or sister will be at that place..or the girl with whom this all is happening is also a daughter of someone..is also a sister of someone..So plzz help girls ..n be active..n say no to rape..��
    Thnkyou ��
    @suhani
    #rape
    #saynotorape
    #takeactiona
    #bebrave
    #stopvoilence
    #girlspower
    #mirakee

    Read More

    वाह रे मानव..!!

    वाह रे मानव..!वाह रे मानव..!!
    तेरे कर्म के अनुसार..तू कहलाना चाहिए एक दानव..!
    कभी एसिड फेंक कर..तो कभी छेड़कर..
    कभी बीच बाजार जलील कर..तो कभी बलात्कार कर..!
    बतला जाते हो तुम परिभाषा हैवानियत की..
    बतला जाते हो तुम समाज में नहीं बची है जगह इंसानियत की..!!
    इंसानियत तो छोड़िए जनाब..
    जो बेटी अपने पिता के गोद में खेलने के देखती थी ख्वाब.. वो उसके शरीर से ही खेल खेलकर उसे दे दिया जवाब..
    कि अपनी भूख मिटाने के लिए ये कितना गिरेंगे इसका है ही नहीं हिसाब..!!
    यारो जिस पर बीतती है..उससे पूछो...!
    तुम्हारी मां बहन को बिना पूछे को छुए..तुम सिर्फ इतना ही सोचकर देखो..!!
    तुम्हें लगता है हम औरतों में सहने की हिम्मत नहीं..
    तो सुनो औरत का दर्द समझना तुम्हारी किस्मत में नहीं..!!
    जितना खून तुम हैवान में होता नहीं..
    उतना तो एक लड़की 5 दिन में बहा देती..
    पर बात सहने की नहीं है..
    बात कहने की है..!
    पर एक औरत कहे भी तो किससे..?
    वो तो चंद पैसों में बिक चुका है..
    इंसाफ दिलाना था जिसे..!!
    पर मेरी एक बात गौर से सुनना हैवानों..
    ये औरतें ही लाएंगी एक दिन इतना कहर..
    इंसाफ तुम ही इन्हें दिलादोगे पीकर जहर..!!
    एक सवाल समाज से..
    ये रेपिस्ट जब अपनी सीमा लांग रहें..
    तो तुम क्यों नहीं सीधा-सीधा इन्हें सूली पर टांग रहे..?
    एक सवाल मां बाप से..
    क्या आपके मुंह पर लगे हैं ताले..?
    आप यही सोच रहें ना..क्या मेरी बेटी को मिलेंगे ससुराल वाले..!!
    और तुम सब बना दोगे इन सब का सिर्फ एक किस्सा..
    सलाखों के पीछे होता हर एक रेपिस्ट..
    अगर इंसाफ दिलाने में तुमने भी लिया होता हिस्सा..!!
    तुमसब दो दिन मोमबत्तियां जलाओगे..
    2 दिन बाद सब कुछ भूल जाओगे..!!
    ऐ हैवान..!! तुम्हें नहीं पता कितना एक औरत सह लेती..
    पर जरा सोच..कतार में तो खड़ी है तेरी भी बहू बेटी...!!
    सच कहते हैं लोग..नहीं तुम्हारा दिल बिल्कुल नरम..
    हो भी कैसे..! बेच आए हो तुम जो अपनी शर्म..!!
    जो मर जाए..उसके लिए प्रोटेस्ट में बाजी लगाने को हो जाओगे राजी..!!
    सोशल मीडिया पर प्रोटेक्ट गर्ल्स वाला स्टेटस दो तुम डाल..
    पर तुम खुद वही हो..जो सड़क पर लड़कियों को देख कहता है माल..!!
    सुन ऐ हैवान..अब तो बंजा इंसान..!
    वरना तुझ जैसे हैवान के लिए बैठा है ऊपर भगवान..!!
    ©suhani05