• sanraj88 23w

    धोका

    एक परिंदा आकार मेरे दिल को मार गया
    चाल देख न सकी उसकी वो प्यार के बहाने से मुझे उसके प्यार में ढाल गया
    मीठी सी बोली से ज़हर कम्बख्त मेरे मन में डाल गया
    मेरी ज़िन्दगी को खफा कर के मुझे मुझ से जुदा कर के वो हैवान नाजाने कितनी गलियो में कितनो को बेफा कर के लाखो दिलो को मार गया हर दिल उससे था हार गया नाजाने क्यों खुदा ने मौका उस को इतनी बार दिया की उस ने धोका नाजाने कितनी बार किया
    ©sanraj88