• cool_monsters 10w

    मनोरथ

    हक़ीकत न सही, ख्वाबो को ख्वाब में जीना चाहता है।
    वक़्त से लड़ता है हर रोज़, लेकिन
    बिखरने से पहले यादों को समेटना चाहता है।
    क्या हुआ अगर, आगाज़ कर खुद ही अंत कर दिया।
    नियति से परे फ़क़त रुहानी अहसास को समझना चाहता हैं।।
    ©cool_monsters