• aanujbachhav 19w

    Cigarette...

    जलाता हु में तुझे हर रोज़
    सोचके ज़ख़्म ए मिज़ाज का,
    है मौत लिखीं मेरी तेरे हाँथों
    हर कश है उधार ज़िन्दगी का...
    ©aanujbachhav