• vijjus8722 17w

    रिश्तों का मोल

    एक कागज के हाशिये के तरह दरकिनार कर देता हूं अपनी खुशियों को ,

    सुना है रिश्तों को निभाते निभाते कई बार खुद नीलाम हो जाती है ये ज़िन्दगी ।
    ©vijjus8722