• amitachuabe 22w

    अल्फाज

    अल्फाजों में क्या रखा है साहेब
    असली जज्बात तो आंखों से वो बयां कर गए
    वो दिल की बात आंखों से
    समझा सरेआम कर गए
    और हम अल्फाज ढूंढते रहे