• aamir_dastageer 6w

    मेरा महबूब

    मुझ से ज़्यादा है हँसी कौन ये पूछ रहा है
    चाँद पागल की तरह तुझको कहीं ढूँढ रहा है

    तेरा नज़ारा जब क़ुदरत के नज़ारों को मिला
    ख़ूबसूरत नज़ारों को भी नहीं कुछ सूझ रहा है

    अब हर हसीन शै की मुझसे जवाब तलब है
    आख़िर कौन है ये शख़्स जो तेरा महबूब रहा है

    ©aamir_dastageer