• swap9903 22w

    मुलाकात

    मुलाकातें यूँ ही हो गई
    कि इज्हार कर गये

    बस  यादें यूँ ही आ गई
    कि इज्हार इन्तजार में बदल गये

    मुलाकातें यूँ ही हो गई
    कि परिन्दों के आशियाने बन गये

    बस  यादें यूँ ही आ गई
    कि बादल गरजने से बिखर गये
    ©swap9903