• atin_khan 23w

    ﻣﺰﮦ ﺑﺮﺳﺎﺕ ﮐﺎ ﭼﺎﮨﻮ ﺗﻮ ﺍِﻥ ﺁﻧﮑﮭﻮﮞ ﻣﯿﮟ آ بیٹھو
    ﺳﻔﯿﺪﯼ ﮨﮯ ، ﺳﯿﺎﮨﯽ ﮨﮯ ، ﺷﻔﻖ ﮨﮯ ، ﺍﺑﺮِ باراں ہے




    मज़ा बरसात का चाहो तो इन आँखों में आ बैठो
    सफ़ेदी है सियाही है शफ़क़ है अबरे बारां है